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Friday, January 31, 2014

~ रूह है जो जागती है साँस लेती है सदा ~



ज़िन्दगी के हर मोड़ पर ,
वादे बदलते हैं कभी इरादे बदलते हैं ,

वक़्त की हर दहलीज़ पर ,
खुशियाँ बदलती हैं कभी तन्हाइयाँ बदलती हैं ,

घूमते -फ़िरते, भागती राहों में ,
क़दमों के निशां बदलते हैं कभी आसमां बदलते हैं ,

ये ज़िन्दगी तन्हा सफ़र है दोस्तों ,
हमसफ़र बदलते हैं कभी हमनवां बदलते हैं ,

सियाह रात ख़ामोश सोती है ,
दिन बदलते है कभी घोंसले बदलते हैं ,

सुबह उठती नहीं फिर दिन कभी ढलते नहीं ,
ये जिस्म सो जाता है ♥ कल्प ♥  
बस रूह है जो जागती है साँस लेती है सदा !!



~ ♥ कल्प वर्मा ♥ ~ 

3 comments:

  1. बहुत ही सुंदर कोमल पंक्तियां कल्प जी । बेहतरीन अभिव्यक्ति

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  2. बहुत खूब ... हर चीज़ बदलती है कायनात की ...

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  3. बहुत सुन्दर और भावमयी....

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